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जज साहब 2.0: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कैसे बदलेगा कोर्ट का चेहरा?

भारत की न्यायपालिका में भ्रष्टाचार और AI का प्रयोग: एक आलोचनात्मक विश्लेषण                                       1. न्यायपालिका में भ्रष्टाचार के प्रमुख उदाहरण व ट्रेंड हाल ही में इलाहाबाद उच्च न्यायालय के जस्टिस यशवंत वर्मा के आवास से ₹10 करोड़ से अधिक नगद बरामद होने के बाद उन पर संसदीय महाभियोग की तैयारी की जा रही है। आरोप है कि वर्मा इन रिश्वतखोरी की जांच छिपाने के लिए कचरा जला रहे थे। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले में तीन सदस्यीय जांच समिति भी गठित की थी। इसके पूर्व भारत में उच्च एवं सर्वोच्च न्यायालय के कुछ जज भी भ्रष्टाचार की गुत्थी में फंसे रह चुके हैं। उदाहरणतः पूर्व सुप्रीम कोर्ट न्यायाधीश वी. रामास्वामी और कोलकाता हाई कोर्ट की जस्टिस सौमित्र सेन के खिलाफ भी महाभियोग की कार्यवाही शुरू हुई थी, लेकिन दोनों ने अपने पद से इस्तीफ़ा दे दिया था। ऐसे मामलों से स्पष्ट है कि न्यायपालिका में विधिक जवाबदेही के मौजूदा तंत्र कितने कमजोर हैं। 2. समाज में निराशा और ‘न्याय नहीं बदला’ की भावना भ्रष्...